लैपिस लाजुली (Lapis Lazuli): यह अपने चमकीले नीले रंग के लिए जाना जाता है और पिछले 6,000 वर्षों से इसका खनन किया जा रहा है। अफगानिस्तान के बदख्शां प्रांत में इसकी सर्वोत्तम गुणवत्ता पाई जाती है।
o नीलेपन की तीव्रता लाज्युराइट में गंधक (sulphur) की मात्रा और संरचना पर निर्भर करती है।
o कैल्साइट (Calcite) नीलेपन को कम करता है, जबकि सोने जैसी चमक पायराइट (pyrites) से आती है।
o अफगानिस्तान के बदख्शां प्रांत में सर्वोत्तम गुणवत्ता वाला लैपिस लाजुली पाया जाता है, जहाँ पिछले 6,000 वर्षों से खनन किया जा रहा है।
o यह लगभग विशेष रूप से ठोस रूप (massive form) में पाया जाता है, जिसमें स्पष्ट क्रिस्टल नहीं होते।
o प्रकाशीय गुण: रूप (Form) - दानेदार, बिखरा हुआ, या ठोस; कभी-कभी द्वादशीफलकीय या घनाकार क्रिस्टल के रूप में, रंग (Colour) - गहरा नीला, उभार (Relief) - निम्न, हस्तक्षेप रंग (Interference Colours) - समदिशीय (isotropic), कभी-कभी विषमदिशीय (anomalously anisotropic) ।